: "width=1100"' name='viewport'/> बदायूँ एक्सप्रेस | तेज रफ़्तार : जांच के दायरे में 1.50 लाख सऊदी रियाल

जांच के दायरे में 1.50 लाख सऊदी रियाल





शहर कोतवाली के मोहल्ला हकीमगंज से लूटी गई विदेशी मुद्रा पुलिस की जांच घेरे में आ गई है। 1.50 लाख रियाल (सऊदी अरब की मुद्रा) करीब 27 लाख भारतीय रुपये आखिर घर में क्यों रखे गए थे, पुलिस इस पहलू पर भी पड़ताल कर रही है। जानकारों की मानें तो विदेशी मुद्रा प्रबंधन अधिनियम के तहत कोई भी भारतीय नागरिक अपने घर पर विदेशी मुद्रा रखता है तो यह गैरकानूनी है। विदेशी मुद्रा घर पर क्यों जुटाई गई। पुलिस इसकी पड़ताल कर रही है।

मोहल्ला हकीमगंज के रईस, कदीर और गुड्डू सगे भाई हैं। तीनों के घर पास-पास ही हैं। कदीर सऊदी अरब में नौकरी करता है। रईस का आरोप है कि सोमवार रात करीब 15 बदमाशों ने उसके घर पर धावा बोला। तीनों भाइयों के घर से बदमाश लाखों रुपये का माल और नगदी लूट कर ले गए। कदीर के घर में रखे 1.50 लाख रियाल भी बदमाशों ने लूट लिए। मामले में पुलिस ने रिपोर्ट दर्ज कर ली थी। रईस का कहना है कि कदीर कई साल से सऊदी अरब में नौकरी कर रहा है। धीरे-धीरे उसने यह सऊदी मुद्रा जुटाई थी। 1.50 लाख रियाल लूटे जाने की बात सामने आने पर तमाम सवाल उठने लगे हैं।
यहां गौर करने वाली बात है कि विदेशी मुद्रा को भारतीय रुपयों में बदलने की व्यवस्था एयरपोर्ट पर ही होती है। विदेशी मुद्रा प्रबंधक अधिनियम के तहत विदेशी मुद्रा को घर में नहीं रखा जा सकता। इसके बाद भी कदीर ने यह मुद्रा अपने घर पर रखी। हालांकि, कदीर के सऊदी अरब में होने की वजह से उससे बात नहीं हो सकी है। लूट के इस मामले के साथ पुलिस यह भी जांच कर रही है कि विदेशी मुद्रा घर पर क्यों रखी गई।

विदेशी मुद्रा प्रबंधन अधिनियम के तहत कोई भी भारतीय नागरिक अपने घर में विदेशी मुद्रा नहीं रख सकता। अगर कोई ऐसा करता है तो उसको यह बताना होता है कि उसे यह मुद्रा कहां से मिली। विदेशी मुद्रा को भारतीय मुद्रा में क्यों नहीं बदलवाया गया।
-अनुराग रमन, लीड बैंक मैनेजर

फेमा के तहत विदेशी मुद्रा घर में नहीं रखी जा सकती। यह मनी लांड्रिंग के दायरे में आता है। आखिर इतनी विदेशी मुद्रा घर में क्यों रखी गई थी। इसकी जांच कराई जा रही है। रईस और उसके परिवार के लोगों से पूछताछ के साथ कदीर से भी बात करने की कोशिश की जा रही है।
-अभिषेक यादव, सीओ सिटी

No comments:

Post a Comment

zhakkas

zhakkas