: "width=1100"' name='viewport'/> बदायूँ एक्सप्रेस | तेज रफ़्तार : 08/28/16

बीटीसी के कॉलेजों में नियम का पालन हो वर्ना जाऊंगी कोर्ट

    बदायूं : जिला शिक्षा एवं प्रशिक्षण संस्थान के जिम्मेदारों के एक अभ्यर्थी का बीटीसी में प्रवेश लेने स


बदायूं : जिला शिक्षा एवं प्रशिक्षण संस्थान के जिम्मेदारों के एक अभ्यर्थी का बीटीसी में प्रवेश लेने से इन्कार करने के बाद खूब हंगामा हुआ।अभ्यर्थी की मां ने नियमानुसार बेटी का प्रवेश बीटीसी में न करने पर कोर्ट की शरण में जाने की चेतावनी दी। जिसपर इलाहाबाद परीक्षा नियामक से मार्गदर्शन लेने के बाद डायट प्राचार्य ने अभ्यर्थी का प्रवेश ले लिया।
मुहल्ला चाकीर निवासी शाहताज खान ने तीर्थांकर महावीर विश्वविद्यालय से चार वर्षीय फिजियोथेरेपी का कोर्स किया था। वर्ष 2015 में बीटीसी में प्रवेश के लिए आवेदन किया तो जिम्मेदारों ने फिजियोथेरेपी के अभ्यर्थियों को अपात्र बता दिया। उच्चाधिकारियों से शिकायत हुई तो उन्होंने जांच करके कार्रवाई करने के निर्देश दिए। इसके बाद भी निर्देश का पालन नहीं किया गया और धीरे-धीरे पूरा सत्र बीत गया। वर्ष 2016 में भी उसने बीटीसी में प्रवेश के लिए आवेदन किया, काउंस¨लग कराई। शनिवार को जब प्रवेश लेने डायट पहुंची तो उसका प्रवेश लेने से मना कर दिया गया। उसने अपने मां को फोन करके सूचना दी तो मां महजबी डायट पहुंचीं और शिकायत की। उन्होंने बताया कि उच्चाधिकारियों के निर्देश होने के बाद भी प्रवेश से इन्कार किया जा रहा है। जिसपर कोर्ट में याचिका दायर करेंगी। डायट प्राचार्य से शिकायत की। प्राचार्य ने शासनादेश में फिजियोथेरेपी का जिक्र न होने की बात कही। इस बात पर हंगामा होने लगा। तो प्राचार्य ने परीक्षा नियामक के सचिव को फोन करके रजिस्ट्रार से मार्गदर्शन मांगा और अभ्यर्थी का प्रवेश करने का निर्देश मिला। तब जाकर अभ्यर्थी का प्रवेश कराया गया। प्राचार्य गिरधारी लाल कोली ने बताया कि शासनादेश में इस विषय की जानकारी न होने की वजह से प्रवेश नहीं दिया जा रहा था। मार्गदर्शन लेने के बाद प्रवेश दे दिया गया है।
डायट में शुरू हुई प्रवेश प्रक्रिया
बीटीसी में प्रवेश के लिए शनिवार को चयनित अभ्यर्थियों के मूल दस्तावेज जांचे गए। आवेदन के समय दिया गया उनका डाटा और मूल शैक्षिक प्रमाण पत्रों का मिलान किया गया। अभ्यर्थियों को जिला शिक्षा एवं प्रशिक्षण संस्थान के अलावा इस्लामनगर व उझानी के बीटीसी के कॉलेजों में प्रवेश दिया जाएगा। संबंधित कार्य देख रहे अर¨वद गुप्ता ने बताया कि जल्द ही कक्षाओं का संचालन होगा।

बिल को लेकर बिजलघर में हंगामा

बदायूं : पनवाड़ी विद्युत उपकेंद्र पर शनिवार को एक बिल को लेकर हंगामा खड़ा हो गया। एक महिला का कहना था


बदायूं : पनवाड़ी विद्युत उपकेंद्र पर शनिवार को एक बिल को लेकर हंगामा खड़ा हो गया। एक महिला का कहना था कि उसके बेटे ने बिल जमा किया है, जबकि विभाग के अधिकारियों का कहना था कि महिला की ओर से दिखाया जा रहा बिल फर्जी है। विभाग में बिल जमा ही नहीं किया गया है। हंगामे की सूचना पर पुलिस भी पहुंच गई, काफी देर बाद मामला शांत हुआ।
अधिशासी अभियंता छैल बिहारी शनिवार को उपकेंद्र पर मौजूद थे। इसी बीच महराजनगर सिविल लाइंस की एक महिला बिल लेकर पहुंच गई। महिला कंप्यूटर से निकला बिल दिखाते हुए कहने लगी कि उसके बेटे ने बिल जमा कर दिया है। इसके बाद भी बिल हर महीने बढ़कर आ रहा है। अधिशासी अभियंता ने बिल लेकर देखा तो वह विभाग की ओर से जारी ही नहीं किया गया था। इसी बात को लेकर बिजली घर पर हंगामा होने लगा। मौके की नजाकत को देखते हुए अधिशासी अभियंता ने पुलिस को बुलवा लिया, तब कहीं जाकर मामला शांत हुआ। अधिशासी अभियंता का कहना है कि महिला जो रसीद दिखा रही थी वह फर्जी थी। विभाग से जारी किया गया बिल नहीं था। बहरहाल, काफी देर तक हंगामा होने के बाद जैसे तैसे प्रकरण शांत हुआ।



सांसद की पत्नी के खिलाफ लड़ेंगी फात्मा : आबिद

बदायूं : सपा से निष्कासित सदर विधायक आबिद रजा ने सांसद धर्मेंद्र यादव पर फिर निशाना साधा है। उन्होंन


बदायूं : सपा से निष्कासित सदर विधायक आबिद रजा ने सांसद धर्मेंद्र यादव पर फिर निशाना साधा है। उन्होंने कहा है कि सदर सीट पर सपा का टिकट भाजपा तय करेगी। उन्होंने कहा है कि 2009 के लोकसभा चुनाव में जिन भाजपा नेताओं ने मदद की थी, वही लोग जिस मुसलमान का चयन करेंगे वही सपा का उम्मीदवार होगा।
विधायक ने प्रेस को बयान जारी करते हुए कहा है कि सदर सीट पर अगर सांसद धर्मेंद्र यादव की पत्नी सपा से चुनाव लड़ती हैं तो उनके खिलाफ वह पत्नी फात्मा रजा को चुनाव लड़ाएंगे। सांसद धर्मेंद्र यादव को अपना जनाधार जानने के लिए 2019 का इंतजार नहीं करना पड़ेगा, 2017 में ही उन्हें अपने जनाधार का पता चल जाएगा। अपने जनाधार का इम्तिहान लेने के लिए उन्हें अपनी पत्नी को इस सीट से चुनाव जरूर लड़ाना चाहिए।

बदायूं के दो शिक्षकों को मिलेगा राष्ट्रपति पुरस्कार


बदायूं : राष्ट्रपति पुरस्कार के लिए नामित किए जाने के क्रम में बिसौली और उझानी क्षेत्र ने बाजी मारी


बदायूं : राष्ट्रपति पुरस्कार के लिए नामित किए जाने के क्रम में बिसौली और उझानी क्षेत्र ने बाजी मारी है। उझानी के रौली जूनियर विद्यालय के शिक्षक असरार अहमद और बिसौली के हर्रायपुर के शिक्षक कुंवरसेन का नाम सामने आया है। इनके बारे में लखनऊ से शिक्षा विभाग ने बेसिक शिक्षा अधिकारी से जानकारी मांगी है। बीएसए ने प्रेमचंद यादव ने बताया कि उत्कृष्ट कार्यों को देखते हुए नाम प्रस्तावित किए गए थे। लखनऊ से आज ही फोन आया था और दोनों ही शिक्षकों के बारे में जानकारी भेजी जा रही है। शिक्षकों के परिवार में खुशी का आलम है। बता दें कि अगले महीने पांच सितंबर को शिक्षक दिवस के अवसर पर शिक्षा क्षेत्र में उत्कृष्ट कार्य करने वाले शिक्षकों को सम्मानित किया जाता है। इसी क्रम में बदायूं के दो शिक्षकों के नाम तय हुए हैं। बीएसए प्रेमचंद यादव ने बताया कि दोनों के नामों के बारे में आज लखनऊ से जानकारी दी गई है।

पुजारी चढ़ावा और कीमती मूर्ति लेकर फरार


बदायूं : गांव परौली में चढ़ावा और कीमती मूर्ति लेकर फरार हुए पुजारी को गांव वालों ने पीटकर पुलिस को


बदायूं : गांव परौली में चढ़ावा और कीमती मूर्ति लेकर फरार हुए पुजारी को गांव वालों ने पीटकर पुलिस को सौंप दिया। पुलिस ने भी राजनीतिक दबाव के चलते उसे छोड़ दिया। मंदिर में पड़े तालों को तोड़कर पुजारी दोबारा घुस गया। इस घटना को लेकर गांव में तनाव है।
तहसील की सीमा पर स्थित थाना बिल्सी के गांव परौली में नर¨सह भगवान का मंदिर है। यहां पर गांव का ही श्याम¨सह पुजारी है। शुक्रवार को गांव में जन्माष्टमी की झांकी निकल रही थी, उधर पुजारी श्याम ¨सह मौका देखकर मंदिर मे आया और चढ़ावे में आए हजारों रुपये, शंख, घंटे और भगवान की कुछ कीमती मूर्तिंयां लेकर भागने लगा। इस बात की जानकारी होते ही गांव के लोगों ने उसे पकड़ लिया। सूचना पर पुलिस भी आ गई। गांव वालों ने पुजारी को पुलिस को सौंप दिया। बिल्सी पुलिस ने पुजारी को छोड़ दिया। वह शुक्रवार रात को ही मंदिर पर पहुंच गया। गांव वालों द्वारा डाले गए ताले तोड़ दिए और मंदिर में घुस गया। यह जानकारी होते ही गांव के लोगों ने मंदिर के बाहर हंगामा किया। शनिवार को गांव के लोग थाने पहुंच गए। पूरे दिन थाने में पंचायत चली। गांव वालों के दबाव के चलते पुलिस पुजारी को थाने पकड़ लाई। शाम को उसे मंदिर में न जाने की हिदायत देकर छोड़ दिया गया। कस्बा रूदायन के नए पुजारी को मंदिर में भगवान की पूजा करने का जिम्मा सौंपा गया है। इस मंदिर की देखभाल के लिए एक कमेटी का गठन किया गया है। चूंकि इस मंदिर के नाम चार सौ बीघा से ज्यादा जमीन है। इसलिए पुजारी का रोल अहम होता है। गांव के कुछ दबंग उसी पुजारी के बहाने मंदिर पर कब्जा करना चाहते है। इस अव्यवस्था को लेकर गांव में आए दिन बवाल होता है।

'मन की बात' में पीएम मोदी : कश्मीर मसले पर सभी राजनीतिक दल एक साथ हैं


नई दिल्ली: पीएम मोदी देशवासियों से आकाशवाणी और दूरदर्शन के जरिए मन की बात कर रहे हैं. मन की बात का यह 23वां संस्करण है. मन की बात में पीएम ने मुख्य रूप से ओलिंपिक में भारतीय खिलाड़ियों के प्रदर्शन पर बात की. साथ ही कश्मीर मुद्दे पर भी बयान दिया.


पढ़ें पीएम की कही अहम बातें -

  1. हमारी बेटियों ने एक बार फिर साबित किया कि वे किसी भी तरह से, किसी से भी कम नहीं हैं.
  2. ऐसा लग रहा है जैसे बेटियों ने देश का नाम रोशन करने का बीड़ा उठा लिया है.
  3. इस बात से तो इंकार नहीं किया जा सकता कि हमारी आशा के अनुरूप हम ओलिंपिक्स में प्रदर्शन नहीं कर पाए.
  4. सिंधू, साक्षी, दीपा ने देश का नाम रोशन किया है.
  5. शूटिंग में हमारे अभिनव बिंद्रा चौथे स्थान पर रहे और बहुत ही थोड़े से अंतर से वो पदक चूक गये.
  6. पुलेला गोपीचंद को खिलाड़ी से ज्यादा एक उत्तम शिक्षक के रूप में देखता हूं.
  7. मैं राज्य सरकारों से आग्रह करता हूँ कि खेल के लिए समिति बनाएं, खेल जगत से जुड़े संघ निष्पक्ष भाव से विचार विमर्श करें.
  8. सवा-सौ करोड़ देशवासी, 65% युवा जनसंख्या वाला देश, खेल की दुनिया में भी बेहतरीन स्थिति प्राप्त करे, इस संकल्प के साथ आगे बढ़ना होगा.
  9. 2020, 2024, 2028 - ओलिंपिक्स के लिए एक दूर तक की सोच के साथ हमें योजना बनानी है.
  10. मेरे एक शिक्षक- अब उनकी 90 साल की आयु हो गयी है- आज भी हर महीने उनकी मुझे चिट्ठी आती है.
  11. कुछ लोगों ने अभी भी लोकमान्य तिलक जी ने जिस भावना को रखा था, उसका अनुसरण करने का भरपूर प्रयास किया है. हमें तिलक के नारे को आगे ले जाना है.
  12. सुराज हमारी प्राथमिकता हो, इस मन्त्र को लेकर सार्वजनिक गणेश उत्सव से सन्देश दिया जाना चाहिए.
  13. क्यों न गांव के तालाब की मिट्टी से बने हुए गणेश जी का उपयोग करें, POP की बनी हुई मूर्तियां पर्यावरण के लिए ठीक नहीं होती.
  14. भारत सरकार ने पिछले दिनों 5 राज्य सरकारों के सहयोग के साथ स्वच्छ गंगा के लिये लोगों को जोड़ने का सफल प्रयास किया.
  15. मदर टेरेसा जिन्होंने जीवनभर भारत के ग़रीबों की सेवा की उन्हें संत की उपाधि मिलना गर्व की बात है.
  16. गांव के प्रधान से लेकर प्रधानमंत्री तक का एक ही मत है. कश्मीर में अगर नौजवान या सुरक्षाकर्मी की जान जाती है, यह नुकसान अपने देश का ही है.
  17. जो लोग छोटे-छोटे लड़कों को आगे कर कश्मीर में अशांति पैदा करने का प्रयास कर रहे कभी-न-कभी उन्हें इन निर्दोष बालकों को जवाब देना पड़ेगा.
  18. कश्मीर की स्थिति के संबंध में, देश के सभी राजनैतिक दलों ने मिलकर एक स्वर में कश्मीर की बात रखी है.


zhakkas

zhakkas